Current Date:02 Jun 2026





ब्रेकिंगअवैध छुई खदान धंसने से मलबे में दबी 3 महिलाएं, एक की मौत, 2 की हालत गंभीर

बिश्रामपुर क्षेत्र के गेतरा स्थित खुटिया नाले के छुई खदान में हुआ हादसा,

ब्रेकिंगअवैध छुई खदान धंसने से मलबे में दबी 3 महिलाएं, एक की मौत, 2 की हालत गंभीर
ब्रेकिंगअवैध छुई खदान धंसने से मलबे में दबी 3 महिलाएं, एक की मौत, 2 की हालत गंभीर


एसईसीएल

बिश्रामपुर क्षेत्र के गेतरा स्थित खुटिया नाले के छुई खदान में हुआ हादसा, गंभीर रूप से घायल 2 महिलाओं को जिला अस्पताल में कराया गया है भर्ती

सीजी टुडे 24 राजीव कश्यप

सूरजपुर जिला के विश्रामपुर स्थित एसईसीएल क्षेत्र के रेहर कालोनी से लगभग एक किलोमीटर दूर स्थित खुटिया नाला में अवैध छुई खदान के धंसने से तीन महिलाओं की दबने  की एक हृदय विदारक घटना  आ रही है। जिसमें से एक युवती की मृत्यु मौके पर ही हो गई है आनन फानन में आसपास के लोगों की मदद से दबी महिलाओं को निकाल   अन्य दो महिलाओं को गंभीर हालत में उपचार हेतु भर्ती कराया गया है।
सूत्रों से प्राप्त जानकारी के अनुसार सूरजपुर जिले के एसईसीएल बिश्रामपुर क्षेत्र अंतर्गत ग्राम पंचायत सलका महादेवपारा निवासी 18 वर्षीय फुलमेत पिता धनसाय गोंड शनिवार को गांव की 26 वर्षीय धबिंदर पति झेलसाय, 35 वर्षीय परमेश्वरी पति स्व. रतन सिंह समेत गांव की दर्जन भर महिलाओं के साथ छुही मिट्टी लेने शनिवार की सुबह तिजा पर्व के लिए घरों में रंग रोंगन की तैयारी करने हेतु ग्राम पंचायत गेतरा के खुटिया नाला के पास अवैध खदान में छुही  मीट्टी लेने गई हुई थी
इसी बीच सुबह करीब 8 बजे नाले का एक परत ढहने से छुई खदान धंसक गई और तीनों मलबे में दब गई



युवती की हो गई मौत


छुई खदान धंसने से दबीं महिलाओं का शोर सुनकर आसपास के लोग एकत्र हुए और तत्काल मिट्टी को हटाकर तीनों को बाहर निकाला गया। इस दौरान फुलमेत की मौत  हो गई थी, जबकि अन्य दोनों महिलाएं गंभीर रूप से घायल हो गई थीं। गांव के लोगों द्वारा उन्हें तत्काल सूरजपुर जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया। यहां उनका इलाज जारी है।


सूचना मिलते ही पहुंचा प्रशासनिक अमला


घटना के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई थी। घटना की सूचना मिलते ही सूरजपुर तहसीलदार समीर शर्मा सहित वन विभाग के अधिकारी भी मौके पर पहुंचे। गेतरा पंचायत के सरपंच गिरधारी सिंह ने बताया कि प्रति वर्ष महिलाओं को मना किया जाता है, लेकिन वे छुई मिट्टी निकालने के लिए पहुंचती हैं।बताया जाता है कि 2 वर्ष पूर्व भी उक्त खदान में ऐसी घटना घटित हो चुकी है