आरोपियो द्वारा रांची से अम्बिकापुर आकर चार पहिया वाहन में घूम कर एटीएम बुथ को बनाते थे निशाना
• आरोपी के कब्जे से घटना में प्रयुक्त कार, मोटरसाइकिल, 4 नग मोबाइल, 1 जियो वाईफाई, एवं 32 नग एटीएम कार्ड किया गया बरामद ।
सीजी टुडे 24 राजीव कश्यप
सरगुजा पुलिस ने अंतर्राज्यीय ठग गिरोह को पकड़ने में बड़ी सफलता हासिल की है विभिन्न स्त्रोतों का सहारा लेकर आरोपियों तक पहुंची पुलिस को सरगुजा पुलिस ने पुरस्कार से भी पुरस्कृत किया है बता दें कि प्रार्थी प्रेमाकांत बघेल निवासी मिशन चौक अम्बिकापुर द्वारा थाना कोतवाली में रिपोर्ट दर्ज कराया गया था कि घटना दिनांक 24/11/22 को प्रार्थी अपने खाते से पैसा निकालने के लिए स्टेट बैंक एटीएम चोपडापारा गया हुआ था, जो किसी अज्ञात व्यक्ति द्वारा प्रार्थी के एटीएम को बदलकर 80000 रुपये नगद आहरण कर लिया गया हैं, एक अन्य मामले में प्रार्थी मुनेश्वरी बाई निवासी पोकसरी बतौली द्वारा थाना बतौली में रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि विगत दिनांक 25 / 2 / 23 को प्रार्थिया स्टेट बैंक बतौली के एटीएम से अपने खाते से पैसा आहरण करने के लिए गई हुई थी, जो किसी अज्ञात व्यक्ति द्वारा प्रार्थिया के एटीएम को बदलकर अलग अलग ट्रांजेक्शन के माध्यम से कुल 65000 नगदी आहरण कर लिया गया हैं, एवं एक अन्य मामले मे भी प्रार्थिया कीर्ति टोप्पो निवासी तारा प्रेमनगर द्वारा रिपोर्ट दर्ज कराया गया कि दिनांक 19/8/22 को 30500 रुपये एटीएम बदलकर नगद आहरण कर लिया गया हैं, एवं घटना दिनांक 27/2/23 को प्रार्थिया किरण तिर्की निवासी नमनाकला के एटीएम को बदलकर 10000 रुपये नगद खाते से आहरण कर लिया गया हैं, प्रार्थियों कि रिपोर्ट पर थाना थाना कोतवाली, मणिपुर, बतौली मे सदर धारा 420, 34 भा.द.वि. का अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना मे लिया गया था।
सरगुजा आईजी के निर्देश एवं एसपी के मार्गदर्शन में विशेष टीम का किया गया था गठन :-
एटीएम से रुपए निकालने के दौरान लोगों की मदद करने के बहाने एटीएम कार्ड बदल कर धोखाधड़ी करने के मामले में सरगुजा पुलिस ने 2 आरोपियों को गिरफ्तार पढ़ने में बड़ी सफलता अर्जित की है । मुख्य आरोपी झारखंड के रांची का रहने वाला है, जबकि इसका सहयोगी जशपुर निवासी का है। मुख्य आरोपी अपने सहयोगी के साथ कार से अंबिकापुर आता था और एटीएम बूथों पर जाकर भोले-भाले नागरिकों की सहायता करने के नाम पर एटीएम कार्ड बदलकर रुपए आहरित कर लेता था। मुख्य आरोपी आदतन बदमाश है। वह दिल्ली जेल में एक कांट्रेक्टर की हत्या के मामले में सजा काट रहा था। वर्ष 2019 में पैरोल पर बाहर आया था। इसके बाद से वह फरार था और एटीएम टेंपरिंग कर धोखाधड़ी कर रहा था। दिल्ली पुलिस ने इस पर 10 हजार का इनाम भी घोषित कर रखा है।

कार्यवाही में शामिल संयुक्त पुलिस टीम को एसपी भावना गुप्ता द्वारा सम्मानित करते हुए
मामले का खुलासा करते हुए एसपी भावना गुप्ता ने बताया कि थाना कोतवाली, मणिपुर, बतौली में अलग-अलग लोगों का एटीएम कार्ड बदल कर रुपए निकाले जाने के अपराध दर्ज थे। इस मामले को गंभीरता से लेते हुए
पुलिस महानिरीक्षक सरगुजा रेंज श्री राम गोपाल गर्ग के सतत मार्गदर्शन एवं पुलिस अधीक्षक सरगुजा श्रीमती भावना गप्ता के निर्देशन में एटीएम कार्ड अदला बदली कर खाते से रकम आहरण करने वाले आरोपियों के पकड़ने सक्रियता के साथ लगे हुए थे, इसी क्रम में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री विवेक शुक्ला एवं नगर पुलिस अधीक्षक श्री स्मृतिक राजनाला , प्रशिक्षु आईपीएस श्री चिराग जैन, अनुविभागीय अधिकारी पुलिस श्री अखिलेश कौशिक के नेतृत्व में एक संयुक्त पुलिस टीम का गठन कर आरोपियों के सम्बन्ध मे पता तलाश किया जा रहा था।
सूक्ष्मता पूर्वक जाँच एवं विवेचना कर कि गई कार्यवाही:-
संयुक्त पुलिस टीम द्वारा सभी घटनाओं का सूक्ष्मता से अध्ययन कर प्राप्त सीसीटीवी फुटेज का अवलोकन करते हुए साइबर सेल से आवश्यक तकनीकी जानकारी एकत्र कर आरोपियो की गिरफ्तारी हेतु संयुक्त पुलिस टीम रांची झारखंड के लिए रवाना की गई थी आपरेशन साइबर क्लीन' के तहत संयुक्त पुलिस टीम द्वारा एटीएम अदला बदली करने के मामले में शातिर आरोपी मुकेश कुमार सोनी निवासी धुर्वा रांची झारखण्ड के ठिकानो पर दबिश दी गई तो आरोपी ट्रक से लिफ्ट लेकर बिहार की ओर भाग रहा था जिससे संयुक्त पुलिस टीम की सतर्कता एवं सजगता से आरोपी को घेराबंदी करते हुए लगभग 200 किमी पीछा कर छतरपुर झारखण्ड से पकड़ने मे कामयाबी मिली, आरोपी से घटना के सम्बन्ध मे पूछताछ करने पर आरोपी एवं उसके एक अन्य साथी के साथ मिलकर रांची से कार के माध्यम से अम्बिकापुर आकर एटीएम बूथों पर जाकर भोले भाले आमनागरिकों को सहायता करने के नाम पर एटीएम की अदला बदली कर ठगी कारित किए जाने की स्वीकारोक्ति किया गया , आरोपी के कब्जे से घटना में प्रयुक्त कार, 01 मोटरसाइकिल, 32 नग एटीएम कार्ड, 4 नग मोबाइल, 1 जियो वाईफाई आरोपी के निशानदेही पर बरामद किया गया हैं,
आरोपी कांट्रेक्ट किलिंग के मामले में दिल्ली में था निरुध
आरोपी काफी शातिर एवं आदतन किस्म का आरोपी हैं. आरोपी दिल्ली के एक कारोबारी के कॉन्ट्रैक्ट किलिंग के मामले में दिल्ली के जेल मे 6 साल से निरुद्ध था जो पेरोल मिलने के पश्चात फरार हो गया था, दिल्ली पुलिस द्वारा उक्त शातिर आरोपी पर 10000 का नगद इनाम रखा गया था, फरार होने पश्चात आरोपी द्वारा लगतार ठगी की घटना को अंजाम दिया जा रहा था, जिसे पकड़ने में सरगुजा पुलिस को बड़ी कामयाबी हाथ लगी हैं,
नक्सलियों के संपर्क में भी है मुख्य आरोपी
ठगी के मामले में पकड़े गए अंतर्राज्यीय गिरोह के प्रमुख व कुछ सदस्य नक्सलियों के संपर्क में भी हैं अंदाज लगाया जा रहा है कि यह नक्सलियों को कुछ आर्थिक सहयोग भी प्रदान करते थे
वर्ष 2012 में आरोपी द्वारा अपने घर में नक्सली को शरण देने के अपराध में रांची जेल से 4 माह की सजा काट चुका हैं, मामले मे मुख्य आरोपी मुकेश सोनी को फर्जी सिम प्रदान करने के आरोप मे सुनील दास निवासी बगीचा जशपुर को गिरफ्तार किया गया है
इस तरह देते थे वारदात को अंजाम :-
आरोपियों द्वारा दिन में घूम घूम कर गार्ड रहित एटीएम कार्ड को चिन्हित कर मौके की तलाश में रहते थे जिस समय कम लोग एटीएम में प्रवेश करते हैं उसी समय को टारगेट करते हुए एटीएम बूथ में घुसकर वहां एटीएम से पैसा आहरित कर रहे व्यक्तियों को झांसे में लेकर उन्हें पैसा आहरण करने में सहयोग देने के बहाने से उन्हें प्रभावित कर उनके एटीएम कार्ड को पल भर में ही बदल लेते थे एवं इसी बीच ध्यान भटका कर उनके एटीएम पिन भी चुरा लेते थे और उसके बदले उसी रंग का किसी अन्य बैंक के एटीएम को उन्हें बदल कर दे देते थे फिर अन्य कहीं दूरदराज के एटीएम मे जाकर नगद राशी आहरित किया करते थे।
सम्पूर्ण कार्यवाही मे थाना प्रभारी गांधीनगर निरीक्षक धीरेन्द्र दुबे, थाना प्रभारी कोतवाली उप निरीक्षक रूपेश नारंग, थाना प्रभारी मणिपुर उप निरीक्षक प्रमोद पाण्डेय, उप निरीक्षक अनीता आयाम, सहायक उप निरीक्षक कृष्ण कुमार यादव, विवेक पाण्डेय, प्रधान आरक्षक भोजराज पासवान, पन्नालाल,महिला आरक्षक स्मिता रागिनी, आरक्षक संजीव चौबे, सत्येंद्र दुबे, रुपेश महंत, अनुज जायसवाल, जितेश साहू, मनीष सिंह, वीरेंदर पैकरा, रमेश प्रसाद शामिल रहे।
