जिला विधिक सेवा प्राधिकरण अंबिकापुर के सचिव श्री अमित जिंदल के मार्गदर्शन पर जिला विधिक सेवा प्राधिकरण अंबिकापुर के PLV पंकज कुमार मिश्रा के द्वारा आज दिनांक 10/08/23 को उदयपुर के ग्राम विशुनपुर में विधिक जागरूकता शिविर का आयोजन कर वहां उपस्थित लोगों को आपदा प्रबंधन के बारे में जानकारी प्रदान करते हुए बताया गया कि प्राकृतिक आपदाओं की वजह मनुष्य खुद है। जिस प्रकार वायुमंडल में हानिकारक गैस सम्मिलित हो रही है, पृथ्वी का तापमान बढ़ता चला जा रहा है। इसे ग्लोबल वार्मिंग अर्थात भूमंडलीय ऊष्मीकरण कहा जा सकता है। ग्लोबल वार्मिंग के लिए जो गैस जिम्मेदार है, उनके नाम है कार्बन, हीलियम, मीथेन इत्यादि । ग्लोबल वार्मिंग की वजह से मौसमों में परिवर्तन भी देखा गया है। ग्लेशियर के बर्फ तापमान वृद्धि की वजह से पिघल रहे है। इससे जल स्तर बढ़ रहा है। जो कि प्रकितिक आपदाओं का मुख्य कारण बना हुआ है तथा उन्होंने आपदा प्रबंधन की जानकारी देते हुए बताया कि प्रत्येक राज्य सरकार, आपदा आने के पश्चात एक अधिसूचना जारी करती है जिसमें यथाशीघ्र, राजपत्र में अधिसूचना द्वारा राज्य के लिए ऐसे नाम से, जो राज्य सरकार की अधिसूचना में विनिर्दिष्ट किया जाये, राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण की स्थापना करती है। छत्तीसगढ़ राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण की स्थापना 01 अगस्त 2007 में हुई है। राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण, राज्य सरकार के विभागों द्वारा अपनी विकास योजनाओं और परियोजनाओं में आपदाओं के निवारण और शमन के उपायों के एकीकरण के प्रयोजनों के लिए अपनाये जाने वाले मार्गदर्शक सिद्धांत अधिकथित एवं इसके लिए आवश्यक तकनीकी सहायता कराता है। इसके साथ ही यह राज्य में आपदा से प्रभावित व्यक्तियों को राहत के मानकों का उपबंध करने के लिए विस्तृत मार्गदर्शक सिद्धांत अधिकथित करता है। राज्य प्राधिकरण में एक अध्यक्ष और नौ से अनधिक उतने सदस्य होंगे जितने राज्य सरकार द्वारा विहित किये जाएं।
सरगुजा
Admin
11 Aug 2023
नालसा (आपदा पीड़ितों को विधिक सेवा प्राधिकरणों के माध्यम से विधिक सेवाएँ) योजना, 2010 के सम्बंध में ग्राम विशुनपुर में विधिक शिविर का आयोजन
जिला विधिक सेवा प्राधिकरण अंबिकापुर के सचिव श्री अमित जिंदल के मार्गदर्शन में उदयपुर के ग्राम विशुनपुर में विधिक जागरूकता शिविर का आयोजन