Current Date:01 Jun 2026





विश्व स्वास्थ्य दिवस के अवसर पर स्वास्थ्य जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया

अपने आस -पास के वातावरण को अपराध मुक्त एवं नशा मुक्त समाज बनाने में सभी के सहयोग के लिए आह्वान किया गया

विश्व स्वास्थ्य दिवस के अवसर पर स्वास्थ्य जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया
सीजी टूडे 24, ब्यूरो रिपोर्ट
 विश्व स्वास्थ्य दिवस के अवसर पर   सरगुजा पुलिस अधीक्षक योगेश पटेल के मार्गदर्शन में सरगुजा पुलिस एवं सरगुजा जिले के स्वैच्छिक संगठनों  के संयुक्त तत्वावधान् में संचालित नवा बिहान नशामुक्ति जागरूकता अभियान एवं परामर्श केंद्र तथा प्रजापिता ब्रह्माकुमारीज ईश्वरीय विश्वविद्यालय सेवा केन्द्र  एवं राष्ट्रीय सेवा योजना इकाई सरस्वती शिक्षा महाविद्यालय के संयुक्त तत्वावधान् में सरस्वती शिक्षा महाविद्यालय अम्बिकापुर में मुख्य अतिथि अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अमोलक सिंह ढिल्लो के गरिमामयी उपस्थिति में स्वास्थ्य जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। सर्वप्रथम अतिथियों के द्वारा मां सरस्वती के छायाचित्र पर माल्यार्पण एवं दीप प्रज्ज्वलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया गया। तत्पश्चात् सरस्वती महाविद्यालय के बी एड  के छात्र -छात्राओं के द्वारा पुष्प गुच्छ एवं श्री फल भेंट कर अतिथियों का स्वागत किया गया। मुख्य अतिथि अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अमोलक सिंह ढिल्लो के द्वारा अपने आस -पास के वातावरण को अपराध मुक्त एवं नशा मुक्त समाज बनाने में सभी के सहयोग के लिए आह्वान किया गया । सरगुजा पुलिस एवं स्वैच्छिक संगठनों के संयुक्त प्रयास से नवा बिहान नशामुक्ति जागरूकता अभियान  का संचालन सतत् किया जा रहा है। ब्रह्माकुमारीज विद्या दीदी ने कहा कि राजयोग ध्यान के माध्यम से नशे की लत एवं तनाव से छुटकारा पा सकते हैं। विशिष्ट अतिथि महिला थाना प्रभारी सुनीता भारद्वाज ने कहा कि महिलाओं में बढ़ते हुए अपराध एवं नशा की लत के कारण परिवार एवं समाज को अपूर्णीय क्षति हो रही है। इसके समाधान के लिए उन्होंने कहा कि शैक्षणिक पाठ्यक्रम के अतिरिक्त संस्कृति, संस्कार एवं नैतिक मूल्यों पर ज्यादा जोर देना होगा। उपनिरीक्षक अभय तिवारी यातायात पुलिस ने अपने उद्बोधन में छात्र -छात्राओं को यातायात नियमों की  विस्तृत जानकारी दी।  18 से 35 आयु वर्ग के युवाओं के द्वारा यातायात के नियमों के उल्लंघन के कारण घटित - दर्घटनाओं को आंकड़ों सहित  प्रस्तुत किया। वरिष्ठ समाजसेवी मंगल पाण्डेय संयोजक नवा बिहान निर्देशक चिराग सोशल वेलफेयर सोसायटी ने अपने उद्बोधन में कहा कि किशोर- किशोरियों एवं युवाओं के बेहतर स्वास्थ्य एवं सर्वांगीण विकास हेतु उन्हें नशे की लत से बचाये रखना हम सभी की नैतिक जिम्मेदारी है। सरगुजा पुलिस एवं सरगुजा जिले के स्वैच्छिक संगठनों के द्वारा संचालित नशामुक्ति अभियान की सफलता  के लिए सिविल सोसायटी, शैक्षणिक संस्थानों ,मीडिया एवं अन्य संगठनों से सहयोग अपेक्षित है। वरिष्ठ समाजसेवी अजय तिवारी जी काउन्सलर नवा बिहान  स्टेट कौंसिल मेम्बर आर्ट ऑफ लिविंग छत्तीसगढ़ ने छात्र -छात्राओं को सम्बोधित करते हुए कहा कि आप सभी को अपने लक्ष्य को प्राप्त करने हेतु भरपूर प्रयास करने का नशा हो। राष्ट्र प्रेम, इमानदारी, कर्तव्यनिष्ठा एवं दायित्व बोध का नशा हो। वरिष्ठ समाजसेवी साहित्यकार,कवि, रंगकर्मी,मोटीवेशनल स्पीकर, जिला संवाद प्रमुख भाजपा सरगुजा संतोष दास "सरल"ने  विश्व स्वास्थ्य दिवस के अवसर पर अपनी कविता "युवा की परिभाषा" के माध्यम से युवाओं को बेहतर स्वास्थ्य एवं युवाओं की भूमिका का दायित्व बोध कराया। नवा बिहान समन्वयक अनिल कुमार मिश्रा मुख्यकार्यकारी छत्तीसगढ़ प्रचार एवं विकास संस्थान ने अपने उद्बोधन में कहा कि आज कल युवाओं में धैर्य,साहस, कड़ी मेहनत,लगन एवं लक्ष्य का अभाव है। विपरीत परिस्थितियों में संघर्ष के अभाव में असफल होने पर नकारात्मक सोच के कारण तनाव में रहते हैं।इस तनाव एवं जीवन के उदासीनता से छुटकारा पाने के लिए नशे की लत के शिकार हो जाते हैं।मेरा सुझाव है कि आप सभी ऐसी परिस्थिति उत्पन्न होने पर नवा बिहान नशामुक्ति परामर्श केंद्र में आकर  काउंसलिंग करवायें। ब्रह्मकुमारी संजू बहन ने नशा स्वयं न करने एवं दुसरों को भी नहीं करने देने हेतु प्रेरित करने के लिए शपथ दिलवाई। कार्यक्रम का सफल संचालन सहायक प्राध्यापक मिथिलेश कुमार गुर्जर के द्वारा किया गया। सरस्वती शिक्षा महाविद्यालय की प्राचार्या डॉ श्रद्धा मिश्रा ने अतिथियों एवं सहभागियों का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि एक शिक्षक के लिए आवश्यक है कि वह स्वयं के बारे में जानें।आज का कार्यक्रम निश्चित तौर पर बी एड के छात्र -छात्राओं के लिए मील का पत्थर साबित होगा। कार्यक्रम को सफल बनाने में सहायक प्राध्यापिका रानी रजक, सीमा बनजारे,प्रियलता जायसवाल,  बीके ममता बहन, बीके  भ्राता खिलानन्द एवं सरस्वती शिक्षा महाविद्यालय के समस्त शैक्षणिक एवं गैर शैक्षणिक स्टाफ का सराहनीय योगदान रहा।