छत्तीसगढ़ टुडे 24
बगैर पुराने रिकॉर्ड का अवलोकन किया एवं भौतिक सत्यापन किए बगैर ही सिविल न्यायालय में विचाराधीन प्रकरण को तहसीलदार पटवारी एवं मातहत कर्मचारियों द्वारा मिलीभगत कर फर्जी रूप से जमीन का नामांतरण रिश्तेदार के नाम पर कर देने का मामला प्रकाश में आया है
इस संबंध में हाई कोर्ट अधिवक्ता एवं आवेदकों ने कलेक्टर को हस्ताक्षर युक्त ज्ञापन सौंपते हुए आरोप लगाया है कि लखनपुर तहसील के ग्राम पीपरखार निवासी जय नंदन सुमेर सिंह , धीरन सिंह सुभाष सभी जाति केवट थाना तहसील लखनपुर के निवासी हैं उन्होंनेशिकायत पत्र में उल्लेखित किया है कि अनावेदक रामविलास ठाकुर अजय उज्जेन भगमानिया के द्वारा कोर्ट रचित दस्तावेज तैयार करवा फर्जी पुत्र बताकर जमीन को अपने नाम से नामांतरण करवा लिया गया है जबकि अनावेदकगढ़ मात्र उनके रिश्तेदार लगते हैं जिनका दस्तावेज भी न्यायालय में प्रस्तुत किया जा चुका है इसके बावजूद भीपटवारी आ रही वह राजस्व कर्मियों द्वारा मौके स्थल पर बगैरभौतिक सत्यापन पंचनामा एवंपुराने रिकॉर्ड का अवलोकन किए बगैर ही नामांतरण का आदेश जारी कर दिया गया है जिस पर तत्काल रोक लगाने की मांग अधिवक्ता धीरेंद्र शर्मा ने करते हुए उचित निराकरण नहीं होने पर माननीय उच्च न्यायालय की शरण लेने की बात कही है
